Shayari in hindi | Love Shayari Quotes

Best Hindi Shayari Lines | Shayari In Hindi | Love Shayari Quotes

Shayari In Hindi | Love Shayari Quotes

Shayari is a gorgeous poetic phrase which allows you describe your thoughts in most types through the use of words that are cloned. Shayari is employed to communicate the feelings of love. Beautifully written and narrated Shers make it Simple for a buff to pour Their heart over facing the fan.

ishq ke bazaar me haramiyon ka dabdaba rehta hai.

hum saadgi me jhuk kya gaye tum to gira hua samjne lage

raat bhar karta raha teri tarif chand se chand itna jala ki subah tak suraj ho gaya

apni pehchan bheed me kho kar, khud ko kamre me dhundte hai log.

जिन्हे भूलने की कोशिश में किसी तरह,
आखिर सफल हो गए थे हम ,
सुना है वो आज-कल,
बहुत याद करते हैं हमे 

कभी घूम के आना मोहब्बत की गलियों में ,
यहाँ अज़ब-गज़ब के खेल होते हैं
कुछ को किसी के दिल और जस्बातों की क़द्र तक नहीं होती,
और कुछ किसी की यादों में ही खुद को फ़ना कर देते हैं ||

कर के देखो किसी से सच्चे दिल से मोहब्बत , 
खुद एहसास हो जायेगा ,
की क्यों किसी एक के लिए ,
पूरी दुनिया से बगावत कर लेते हैं लोग

पता नहीं ज़िन्दगी का क्या दस्तूर है ये ,
अजीब है या हम ही इसे नहीं समझ पाए .
लोग जो करीब थे वो कभी पसंद नहीं आये ,
और जो सच में दिल को पसंद थे वो कभी करीब ही नहीं आये

तख़्त ताज ,शान-ओ-शौकत न पाने वालो को ,
दुनिया वाले बदनसीब समझते होंगे |
हम तो उन्हें ही खुशनसीब समझते हैं ,
दौलत -ए -मोहब्बत मिल गयी जिन्हे इस जहाँ में

दिल में एक अजीब-सी हलचल है,
प्यार से भरा ये दिल पागल है .
कभी हँसता है तो कभी रोता है ,
गहरी रातों में भी ये ना सोता है .

हमने उन्हें बहुत प्यार था दिया,
बदले में उनसे कभी कुछ नहीं लिया .
साथ जीने-मरने का वादा करके भी ,
ना जाने उन्होंने क्यू मोह मोड़ लिया .

Aksar rooth jaya karti hai yeh zindagi humse
jalti hai na janaab, mohabbat jo karte hai hum unse…

kuch seh lia, kuch keh dia
kuch jhoot hamne bhi maan lia,
jiske fareb mein mohabbat khojte they
aaj uska sach humne bhi jaan lia

Darte hai tumhe khone se,
Par kya karein tumhari baatein
kiye bina raha bhi nahi jata
.

Unhe lagta hai shayariyon mein hamari zara sa dard hai,
kaise batau unhe janaab woh dard nahi, hamara rakt hai

Saath dete gar woh toh
janaab chaar kadam hum bhi chal dete,
Sach bol kar jatey toh
hastey hastey yuhin woh gham bhi seh lete

Mahaz ek lamha hi kafi hai
aur rishtey rooth jatey hai,
zara si mashakkat toh kariye janaab
fir dekhiye, mohabbat se murjhaye phool kaise khil jatey hai

Ek pal ko toh yoon laga
ki jana unka mahaz ek mazaak tha,
magar humein kya pata tha janaab
ki ana bhi unka kisi andhere mein
bujhta chirag sa tha

इक ठहरा हुआ खयाल तेरा,
कितने लम्हों को रफ़्तार देता है.

तेरी चाहत तो मुक़द्दर है मिले न मिले,
राहत ज़रूर मिल जाती है तुझे अपना सोच कर
.

ऐ ज़िन्दगी मुझे कुछ , मुस्कुराहटें उधार दे दे…
‘अपने’ आ रहे हैं मिलने की रस्म निभानी है…

जिंदगी बस इतना अगर दे तो काफी है …
सर से चादर न हटे , पांव भी चादर में रहे

आग लगी थी मेरे घर मे,
बचा ही क्या है ?
मैँने कहा-“मैँ बच गया हूँ ”
वो बोली-“तो फिर जला ही क्या है”?